नई दिल्ली: केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद अब देश की नजर इस बात पर टिकी हुई है कि मोदी सरकार शिक्षा मंत्रालय की जिम्मेदारी किसे सौंपेगी। NEET-UG विवाद और शिक्षा सुधारों को लेकर बढ़ते राजनीतिक दबाव के बीच सरकार ने अभी तक किसी नए नाम का आधिकारिक ऐलान नहीं किया है। प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) और राष्ट्रपति भवन की ओर से भी इस संबंध में कोई अधिसूचना जारी नहीं की गई है।
हालांकि, राजनीतिक गलियारों, मीडिया रिपोर्ट्स और सोशल मीडिया चर्चाओं में कई नाम तेजी से सामने आ रहे हैं। इनमें मौजूदा शिक्षा मंत्रालय से जुड़े मंत्री भी शामिल हैं और कुछ ऐसे नेता भी हैं, जिनका नाम संभावित कैबिनेट फेरबदल के संदर्भ में लिया जा रहा है।
जयंत चौधरी
Jayant Chaudhary
राष्ट्रीय लोक दल (RLD) के अध्यक्ष जयंत चौधरी वर्तमान में कौशल विकास एवं उद्यमिता मंत्रालय का स्वतंत्र प्रभार संभाल रहे हैं और शिक्षा मंत्रालय में राज्य मंत्री के रूप में भी कार्यरत हैं। चूंकि वे पहले से ही शिक्षा मंत्रालय के कामकाज का हिस्सा हैं, इसलिए उन्हें सबसे मजबूत दावेदारों में गिना जा रहा है। यदि सरकार मंत्रालय में निरंतरता बनाए रखना चाहती है, तो जयंत चौधरी को अंतरिम या पूर्णकालिक शिक्षा मंत्री बनाया जा सकता है। हालांकि, सरकार ने अब तक इन अटकलों पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है।
सुकांत मजूमदार
Sukanta Majumdar
पश्चिम बंगाल से भाजपा सांसद और पार्टी के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष सुकांत मजूमदार भी शिक्षा मंत्रालय में राज्य मंत्री हैं। मोदी सरकार के तीसरे कार्यकाल की शुरुआत से ही वे मंत्रालय से जुड़े हुए हैं। प्रशासनिक अनुभव और मंत्रालय में उनकी मौजूदा भूमिका को देखते हुए उनका नाम भी गंभीरता से लिया जा रहा है। कई राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यदि भाजपा किसी मौजूदा मंत्री को पदोन्नत करना चाहती है, तो सुकांत मजूमदार एक स्वाभाविक विकल्प हो सकते हैं।
श्रीकांत शिंदे
Shrikant Shinde
महाराष्ट्र के कल्याण से सांसद और उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के पुत्र श्रीकांत शिंदे भी संभावित नामों की सूची में शामिल हैं। पेशे से डॉक्टर श्रीकांत शिंदे वर्ष 2014 से लोकसभा सदस्य हैं। हाल के वर्षों में उनकी राष्ट्रीय राजनीति में सक्रियता बढ़ी है। हालांकि, शिक्षा मंत्रालय से उनका सीधा संबंध नहीं रहा है, लेकिन संभावित कैबिनेट विस्तार की चर्चाओं में उनका नाम सामने आया है।
देवेंद्र फडणवीस
Devendra Fadnavis
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री और भाजपा के वरिष्ठ नेता देवेंद्र फडणवीस का नाम भी चर्चाओं में शामिल है। शिवसेना (यूबीटी) नेता संजय राउत ने दावा किया था कि फडणवीस को केंद्र में लाकर शिक्षा मंत्रालय की जिम्मेदारी दी जा सकती है। हालांकि, इस दावे की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। भाजपा या केंद्र सरकार की ओर से ऐसा कोई संकेत नहीं दिया गया है कि फडणवीस को राज्य की राजनीति से हटाकर केंद्र में लाने पर विचार किया जा रहा है।
राघव चड्ढा
Raghav Chadha
आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा का नाम भी सोशल मीडिया और कुछ राजनीतिक चर्चाओं में सामने आया है। पंजाब से राज्यसभा सदस्य राघव चड्ढा पार्टी के प्रमुख चेहरों में से एक हैं। हालांकि, यह संभावना बेहद कम मानी जा रही है क्योंकि वे विपक्षी दल से आते हैं और केंद्र सरकार ने उनके नाम को लेकर किसी भी प्रकार का संकेत नहीं दिया है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि उनका नाम अधिकतर सोशल मीडिया चर्चाओं तक ही सीमित है।
अभी तक नहीं हुआ आधिकारिक ऐलान
फिलहाल केंद्र सरकार ने नए शिक्षा मंत्री के नाम को लेकर चुप्पी साध रखी है। सरकार की ओर से जारी होने वाली आधिकारिक अधिसूचना तक सभी नामों को केवल अटकलों और राजनीतिक चर्चाओं के रूप में ही देखा जाना चाहिए। हालांकि, मंत्रालय में पहले से कार्यरत जयंत चौधरी और सुकांत मजूमदार को प्रशासनिक दृष्टि से सबसे मजबूत विकल्प माना जा रहा है।
आने वाले दिनों में यह स्पष्ट हो जाएगा कि सरकार शिक्षा मंत्रालय को नया चेहरा देती है या फिर मौजूदा टीम में से किसी को बड़ी जिम्मेदारी सौंपती है। देशभर के छात्र और शिक्षा क्षेत्र से जुड़े लोग अब इस फैसले का इंतजार कर रहे हैं।











